हीथ स्ट्रीक पर आईसीसी ने 8 सालों का प्रतिबंध लगा दिया है.

विश्व क्रिकेट को चलाने वाली सबसे बड़ी संस्था यानी अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट परिषद ने ज़िम्बाबवे के पूर्व कप्तान और दिग्गज तेज गेंदबाज हीथ स्ट्रीक को कड़ी सजा सुनाई है. दाएं हाथ के पेसर स्ट्रीक पर एंटी करप्शन कोड तोड़ने का आरोप है. पूर्व दिग्गज ने आरोपों को स्वीकार कर लिया है, जिसके बाद उन्हें क्रिकेट से जुडी सभी गतिविधियों से आठ साल के लिए बैन कर दिया गया है.

बताते चलें कि स्ट्रीक पर ये सभी आरोप साल 2016 से 2018 तक ज़िम्बाबवे और कई घरेलू टीम्स का कोच रहते लगे थे. हीथ स्ट्रीक 2017 और 2018 के बीच कई मैचों में शक के दायरे में आए थे. उन पर कोच रहते कई मुकाबलों में एंटी करप्शन कोड का उल्लंघन करने के आरोप लगे थे. हालांकि, उन्होंने अपने खिलाफ लगे आरोपों की अपील की थी, लेकिन अंत में उन्होंने आरोपों को स्वीकार कर लिया था.

इस बैन के चलते हीथ स्ट्रीक अब अगले आठ सालों तक क्रिकेट से जुडी किसी भी प्रक्रिया में हिस्सा नहीं ले पाएंगे. अगर ज़िम्बाब्वे के पूर्व कप्तान के अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेट करियर पर नज़र डालें तो उन्होंने 65 टेस्ट में 216 विकेट, जबकि 189 वनडे में 239 विकेट चटकाए हैं. उन्हें ज़िम्बाब्वे के सबसे सफल गेंदबाजों में गिना जाता है.

आईसीसी की एक प्रेस रिलीज में कहा गया, “स्ट्रीक ने आरोपों को स्वीकार किया और भ्रष्टाचार विरोधी न्यायाधिकरण सुनवाई के बदले आईसीसी के साथ अनुमोदन के लिए सहमत हो गए. वह 28 मार्च 2029 को खेल में अपनी भागीदारी को फिर से शुरू करने के लिए स्वतंत्र होंगे.”

शादाब अली पिछले सात वर्षों से क्रिकटुडे में बतौर खेल पत्रकार अपनी सेवाएं दे रहे...

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